भारत बिल्डकॉन 2026 का उद्घाटन: ‘वन नेशन, वन एक्सपो’ थीम से निर्माण उद्योग को वैश्विक मंच

भारत बिल्डकॉन 2026 का भव्य उद्घाटन यशोभूमि में हुआ। राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने एफटीए और सीईटीए की भूमिका पर जोर दिया। 90 से अधिक देशों और 100 भारतीय शहरों के प्रतिभागियों के साथ 24 सेक्टर में नवाचार प्रदर्शित। निर्माण उद्योग के लिए नई संभावनाएं।

भारत बिल्डकॉन 2026 का उद्घाटन: ‘वन नेशन, वन एक्सपो’ थीम से निर्माण उद्योग को वैश्विक मंच
भारत बिल्डकॉन 2026 का उद्घाटन: ‘वन नेशन, वन एक्सपो’ थीम से निर्माण उद्योग को वैश्विक मंच

भारत बिल्डकॉन 2026 का उद्घाटन:- यशोभूमि कन्वेंशन सेंटर में ‘वन नेशन, वन एक्सपो’ थीम के तहत भारत बिल्डकॉन 2026 का भव्य उद्घाटन हुआ। वाणिज्य एवं उद्योग तथा इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री श्री जितिन प्रसाद, केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्री श्री मनोहर लाल तथा सांसद श्री पुरुषोत्तम रूपाला ने इस कार्यक्रम का उद्घाटन किया। उद्योग प्रतिनिधियों की उपस्थिति में शुरू हुई यह प्रदर्शनी पहले दिन ही 25,000 से अधिक आगंतुकों को आकर्षित करने में सफल रही।

‘वन नेशन, वन एक्सपो’ थीम का महत्व

भारत बिल्डकॉन 2026 देशभर को एक मंच पर लाने वाली महत्वाकांक्षी पहल है। इस थीम के माध्यम से सरकार निर्माण और भवन सामग्री क्षेत्र को राष्ट्रीय एकता का प्रतीक बनाना चाहती है। प्रदर्शनी में 90 से अधिक देशों और भारत के 100 से अधिक शहरों के आर्किटेक्ट्स, बिल्डर्स, डेवलपर्स, ठेकेदारों, निर्माताओं, व्यापारियों, नीति-निर्माताओं तथा अंतरराष्ट्रीय खरीदारों ने भाग लिया। यह मंच उद्योग के बीच संवाद, ज्ञान आदान-प्रदान और व्यावसायिक सहयोग को बढ़ावा देने के लिए तैयार किया गया है।

आज के समय में जब भारत तेजी से विकसित हो रहा है, निर्माण क्षेत्र अर्थव्यवस्था की रीढ़ की हड्डी बन चुका है। स्मार्ट सिटी मिशन, हाउसिंग फॉर ऑल, इंफ्रास्ट्रक्चर विकास और औद्योगिक गलियारों जैसी सरकारी योजनाओं ने इस क्षेत्र की मांग को अभूतपूर्व ऊंचाई पर पहुंचा दिया है। ऐसी प्रदर्शनियों का आयोजन इन योजनाओं को गति देने और गुणवत्तापूर्ण सामग्री उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

एफटीए और सीईटीए: भारतीय उद्योग के लिए नए अवसर

उद्घाटन समारोह में श्री जितिन प्रसाद ने आर्थिक वृद्धि और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भारतीय उत्पादों की पहुंच बढ़ाने में मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) की भूमिका पर विशेष जोर दिया। उन्होंने भारत-ब्रिटेन व्यापक आर्थिक एवं व्यापार समझौते (सीईटीए) का जिक्र करते हुए कहा कि यह समझौता दोनों देशों के बीच बाजार पहुंच बढ़ाएगा और व्यापार संबंधों को मजबूत करेगा। इससे भारतीय निर्माताओं और निर्यातकों को नए द्वार खुलेंगे।

श्री प्रसाद ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विजन का उल्लेख किया, जिसमें गुणवत्ता पर जोर देते हुए भारत को विश्वसनीय वैश्विक विनिर्माण और सोर्सिंग गंतव्य बनाने की बात कही गई है। उन्होंने कहा कि निर्माण एवं भवन सामग्री क्षेत्र में भारत के पास अपार क्षमताएं और संसाधन हैं। एफटीए जैसे समझौते इन क्षमताओं को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करने और निर्यात बढ़ाने में सहायक सिद्ध होंगे।

वास्तव में, मुक्त व्यापार समझौते भारतीय अर्थव्यवस्था को नई गति प्रदान कर रहे हैं। इनके माध्यम से कच्चे माल की बेहतर उपलब्धता, तकनीकी सहयोग और संयुक्त उद्यमों की संभावनाएं बढ़ती हैं, जो अंततः रोजगार सृजन और आर्थिक विकास में योगदान देती हैं।

24 खंडों में नवाचारों का प्रदर्शन

भारत बिल्डकॉन 2026 में 24 विभिन्न भवन निर्माण सामग्री खंडों में उत्पादों, तकनीकों और नवाचारों का प्रदर्शन किया जा रहा है। इनमें सिरेमिक्स और स्टोन, हार्डवेयर, सीमेंट और स्टील, प्लाइवुड और लैमिनेट्स, फर्नीचर, सैनिटरीवेयर, इलेक्ट्रिकल्स, पेंट्स, निर्माण प्रौद्योगिकियां तथा अन्य संबंधित क्षेत्र शामिल हैं।

प्रदर्शनी में नवीनतम सस्टेनेबल मटेरियल्स, स्मार्ट निर्माण तकनीकियां, ऊर्जा कुशल समाधान और डिजिटल टूल्स आकर्षण का केंद्र हैं। प्रदर्शक अपनी नवीनतम उत्पाद रेंज पेश कर रहे हैं, जो भारतीय निर्माण परियोजनाओं की बढ़ती जरूरतों को पूरा करने में सक्षम हैं। अंतरराष्ट्रीय प्रतिभागी भी अपनी विशेषज्ञता साझा कर रहे हैं, जिससे भारतीय उद्योग को वैश्विक बेस्ट प्रैक्टिसेस का लाभ मिल सकेगा।

उद्योग हितधारकों के बीच संवाद का मंच

श्री जितिन प्रसाद ने कहा कि भारत बिल्डकॉन जैसे मंच निर्माताओं, नवप्रवर्तकों, खरीदारों, नीति-निर्माताओं और उद्योग हितधारकों के बीच संवाद को सुगम बनाते हैं। ये आयोजन न केवल सहयोग बढ़ाते हैं बल्कि नए व्यावसायिक अवसरों का भी सृजन करते हैं।

प्रदर्शनी के दौरान विभिन्न सेमिनार, वर्कशॉप और नेटवर्किंग सेशन्स का आयोजन होने वाला है, जो उद्योग की चुनौतियों और समाधानों पर चर्चा प्रदान करेंगे। यह आयोजन भारतीय निर्माण क्षेत्र को आत्मनिर्भर बनाने और वैश्विक मूल्य श्रृंखला में मजबूत स्थान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

भविष्य की दिशा और अपेक्षाएं

आगामी दिनों में यह प्रदर्शनी पूरे जोर-शोर से जारी रहेगी। उद्योग सहभागिता, प्रौद्योगिकी प्रदर्शन और व्यावसायिक संवाद के लिए यह मंच सैकड़ों डील्स और पार्टनरशिप्स को जन्म दे सकता है। भारत जैसे विकासशील देश में जहां इंफ्रास्ट्रक्चर विकास की भारी जरूरत है, ऐसी प्रदर्शनियां न केवल आर्थिक गतिविधियां बढ़ाती हैं बल्कि गुणवत्ता और नवाचार को भी बढ़ावा देती हैं।

निष्कर्ष: भारत बिल्डकॉन 2026 ‘वन नेशन, वन एक्सपो’ थीम के साथ निर्माण उद्योग को नई ऊर्जा प्रदान कर रहा है। यह आयोजन प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर भारत और वैश्विक विनिर्माण हब बनाने के विजन को साकार करने की दिशा में एक ठोस प्रयास है। उद्योग जगत को इस मंच का पूरा लाभ उठाना चाहिए ताकि भारतीय अर्थव्यवस्था को और मजबूती मिल सके।